Mustard Oil: ठंड में सरसों के तेल का सही इस्तेमाल, रखे शरीर को निरोग

  • On: December 20, 2025
Follow Us:
सर्दियों में सरसों का तेल लगाने और सेवन करने से मिलने वाले स्वास्थ्य लाभ

जानिए शरीर के किस हिस्से में लगाने से क्या मिलता है फायदा

सर्दियों का मौसम आते ही ठंड, त्वचा का रूखापन, जोड़ों का दर्द, सर्दी-खांसी और पाचन से जुड़ी समस्याएं आम हो जाती हैं। ऐसे में अगर दिनचर्या में कुछ पारंपरिक और प्राकृतिक उपाय शामिल कर लिए जाएं, तो न केवल ठंड से बचाव होता है बल्कि शरीर भी लंबे समय तक स्वस्थ और निरोग बना रहता है। भारतीय रसोई और आयुर्वेद में सदियों से इस्तेमाल होता आ रहा सरसों का तेल सर्दियों के मौसम में किसी औषधि से कम नहीं माना जाता। यह शरीर को अंदर से गर्म रखने के साथ-साथ त्वचा, मांसपेशियों और रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करता है। विशेषज्ञों के अनुसार, सरसों के तेल में ओमेगा-3 फैटी एसिड, एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-फंगल गुण पाए जाते हैं। यही कारण है कि सर्दियों में इसका बाहरी और आंतरिक दोनों तरह से उपयोग बेहद लाभकारी माना जाता है। सही तरीके और सही जगह पर इसका इस्तेमाल करने से इसके फायदे कई गुना बढ़ जाते हैं।

सर्दियों में सिर पर सरसों का तेल लगाने के फायदे

ठंड के मौसम में सिर की त्वचा रूखी हो जाती है, जिससे डैंड्रफ और बाल झड़ने की समस्या बढ़ जाती है। सप्ताह में 2-3 बार गुनगुना सरसों का तेल सिर में लगाने से:

  • सिर में रक्त संचार बेहतर होता है

  • बालों की जड़ें मजबूत होती हैं

  • डैंड्रफ और खुजली कम होती है

  • सिरदर्द और तनाव में राहत मिलती है

ठंड की वजह से होने वाला माइग्रेन या सिर का भारीपन भी नियमित तेल मालिश से कम हो सकता है।

कान में सरसों का तेल डालने से क्या लाभ मिलता है

आयुर्वेद में सर्दियों के दौरान कान में हल्का गुनगुना सरसों का तेल डालने की परंपरा रही है। इसके फायदे इस प्रकार हैं:

  • कान का सूखापन दूर होता है

  • ठंडी हवा से होने वाले कान दर्द से बचाव होता है

  • सर्दी-जुकाम के कारण होने वाली परेशानी में राहत मिलती है

हालांकि, कान में तेल डालते समय स्वच्छता और सावधानी बेहद जरूरी है।

नाक में सरसों का तेल लगाने के फायदे

सर्दियों में नाक का सूखना और बार-बार सर्दी लगना आम समस्या है। नाक के अंदर हल्की मात्रा में सरसों का तेल लगाने से:

  • नाक में नमी बनी रहती है

  • ठंडी हवा का सीधा असर कम होता है

  • सर्दी, एलर्जी और साइनस की समस्या में राहत मिलती है

यह उपाय खासतौर पर उन लोगों के लिए फायदेमंद है, जिन्हें सर्दियों में बार-बार जुकाम होता है।

पैरों में सरसों का तेल लगाने से कैसे मिलेगी राहत

ठंड के मौसम में एड़ियां फटना और पैरों में ठंड लगना आम बात है। रात में सोने से पहले पैरों में सरसों के तेल से मालिश करने से:

  • त्वचा मुलायम बनी रहती है

  • फटी एड़ियों की समस्या कम होती है

  • पैरों की नसों में गर्माहट पहुंचती है

  • नींद बेहतर आती है

Read Also: Feng Shui Tips: करियर-कारोबार में तरक्की के लिए अपनाएं फेंगशुई के 5 असरदार उपाय

जोड़ों और मांसपेशियों पर सरसों के तेल का असर

बुजुर्गों और गठिया से पीड़ित लोगों के लिए सरसों का तेल बेहद लाभकारी माना जाता है। घुटनों, कमर, कंधों और गर्दन पर गुनगुने तेल से मालिश करने से:

  • जोड़ों की जकड़न कम होती है

  • दर्द और सूजन में राहत मिलती है

  • मांसपेशियों को मजबूती मिलती है

अगर सरसों के तेल में थोड़ा लहसुन मिलाकर मालिश की जाए, तो इसका असर और भी बेहतर हो जाता है।

छाती और पीठ पर सरसों का तेल लगाने के फायदे

सर्दी-खांसी और जुकाम के दौरान छाती और पीठ पर सरसों के तेल से मालिश करने से:

  • बलगम ढीला होता है

  • सांस लेने में राहत मिलती है

  • सीने में जकड़न कम होती है

यह उपाय बच्चों और बुजुर्गों के लिए खास तौर पर उपयोगी माना जाता है।

Read Also: दिखने लगें ये 10 लक्षण, तो समझ जाएं शरीर नहीं झेल पा रहा है स्ट्रेस

भोजन में सरसों के तेल का सेवन क्यों जरूरी है

सर्दियों में सीमित मात्रा में सरसों के तेल का सेवन करने से:

  • पाचन तंत्र मजबूत रहता है

  • शरीर अंदर से गर्म बना रहता है

  • रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है

हालांकि, इसका अधिक मात्रा में सेवन करने से बचना चाहिए और संतुलन बनाए रखना जरूरी है।

सावधानी भी है जरूरी

हालांकि सरसों का तेल प्राकृतिक और लाभकारी है, लेकिन इसका उपयोग सही तरीके से करना जरूरी है। ध्यान रखें:

  • पहली बार उपयोग से पहले पैच टेस्ट जरूर करें

  • एलर्जी या जलन होने पर तुरंत उपयोग बंद करें

  • छोटे बच्चों या किसी गंभीर बीमारी की स्थिति में विशेषज्ञ की सलाह लें

निष्कर्ष

कुल मिलाकर, सर्दियों में सरसों के तेल का सही और नियमित उपयोग शरीर को गर्म, स्वस्थ और निरोग बनाए रखने में अहम भूमिका निभाता है। यह न केवल ठंड से बचाव करता है, बल्कि पारंपरिक ज्ञान और आधुनिक जरूरतों का बेहतरीन मेल भी है।

Tags: Mustard Oil Massage, | Sarson Tel Uses, | Ayurvedic Winter Tips, | Winter Health Care, | Home Remedies in Winter,
Share this post:

FAQ's

The CMAT City Intimation Slip is a document released by the National Testing Agency (NTA) that tells candidates the city where their CMAT 2026 exam centre has been allotted. It helps candidates plan travel and stay before the exam day.

No. The city slip only shows the allotted exam city, whereas the CMAT admit card (released later) contains full details including the actual centre address, exam timings, reporting instructions, and entry requirements.

You can download it from the official CMAT website at cmat.nta.nic.in by logging in using your application number and date of birth (or password) once the city slip link is active.

No. Once the city is allotted and shown on the city slip, you cannot change it later. Any changes must have been done during the application or correction window before the city slip was released.

Note your allotted city and prepare travel plans if required.

0 Comments

No reviews yet.

Leave A Comment

Latest Post