स्कूल बैग का वजन कितना होना चाहिए? जानिए सरकार और NEP 2020 के नियम

  • On: December 15, 2025
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NEP 2020 के अनुसार बच्चों के स्कूल बैग के वजन की सीमा और Bagless Days की जानकारी

स्कूल बैग का बढ़ता वजन सालों से अभिभावकों, शिक्षकों और सरकार के लिए चिंता का विषय रहा है। छोटे-छोटे बच्चे जब भारी बैग उठाकर स्कूल जाते हैं तो इसका सीधा असर उनकी सेहत पर पड़ता है। पीठ दर्द, कंधों में खिंचाव और रीढ़ से जुड़ी समस्याएं आम होती जा रही हैं। इसी समस्या को देखते हुए नई शिक्षा नीति (NEP) 2020 में स्कूल बैग के वजन को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।

NEP 2020 क्या कहती है?

राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के पैरा 4.33 में साफ कहा गया है कि एनसीईआरटी, एससीईआरटी, स्कूल और शिक्षक मिलकर स्कूल बैग के वजन को कम करने के ठोस प्रयास करें। इसके बाद सीबीएसई, एनसीईआरटी, केंद्रीय विद्यालय संगठन (KVS) और नवोदय विद्यालय संगठन (NVS) की एक विशेषज्ञ समिति ने स्कूल बैग नीति तैयार की। शिक्षा मंत्रालय ने सभी राज्यों को यह नीति लागू करने के निर्देश भी दिए हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर अभी भी कई स्कूलों में इसका सही तरह से पालन नहीं हो पा रहा है।

किस क्लास में कितना होना चाहिए स्कूल बैग का वजन?

लोकसभा में सांसद रामवीर सिंह विधूड़ी के सवाल के लिखित जवाब में शिक्षा मंत्रालय ने NEP 2020 के आधार पर स्कूल बैग के वजन की अधिकतम सीमा स्पष्ट की है:

  • प्री-प्राइमरी: स्कूल बैग ले जाना जरूरी नहीं

  • कक्षा 1–2: 1.6 से 2.2 किलोग्राम

  • कक्षा 3–5: 1.7 से 2.5 किलोग्राम

  • कक्षा 6–7: 2 से 3 किलोग्राम

  • कक्षा 8: 2.5 से 4 किलोग्राम

  • कक्षा 9–10: 2.5 से 4.5 किलोग्राम

  • कक्षा 11–12: 3.5 से 5 किलोग्राम

इसके अलावा, स्कूल बैग नीति में यह भी सिफारिश की गई है कि स्कूल बैग का वजन बच्चे के शरीर के वजन का 10 प्रतिशत से अधिक नहीं होना चाहिए

भारी बैग से बच्चों की सेहत पर असर

विशेषज्ञों का कहना है कि भारी स्कूल बैग बच्चों में:

  • पीठ और गर्दन दर्द

  • कंधों में खिंचाव

  • रीढ़ की हड्डी से जुड़ी समस्याएं

  • थकान और चिड़चिड़ापन

जैसी परेशानियां बढ़ा सकता है। इसके बावजूद कई स्कूलों में जरूरत से ज्यादा किताबें और कॉपियां बच्चों को रोज ले जाने के लिए मजबूर किया जाता है।

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बैगलेस डेज: बच्चों को राहत देने की पहल

स्कूल बैग के बोझ को कम करने के लिए सरकार ने एक और अहम कदम उठाया है — Bagless Days

29 जुलाई 2024 को केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने गाइडलाइंस जारी कीं, जिनके तहत:

  • देश के सभी स्कूलों के वार्षिक कैलेंडर में 10 बैगलेस डेज अनिवार्य होंगे

  • ये दिन साल में दो बार (5-5 दिन) तय किए जा सकते हैं

  • इस दौरान छात्र बिना बैग के स्कूल आएंगे

बैगलेस डेज में क्या होगा?

6 से 8वीं कक्षा तक के छात्रों के लिए जारी गाइडलाइंस में बताया गया है कि बैगलेस डेज के दौरान:

  • इंडोर और आउटडोर एक्टिविटीज कराई जाएंगी

  • आर्ट, स्पोर्ट्स, एनीमेशन, ग्राफिक डिजाइन, फैशन डिजाइन जैसे क्षेत्रों के विशेषज्ञों से बच्चों को मिलवाया जाएगा

  • छात्रों को व्यावहारिक सीख और करियर गाइडेंस दी जाएगी

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अभिभावकों और विशेषज्ञों की राय

सांसद रामवीर सिंह विधूड़ी का कहना है कि यह समस्या वर्षों से चली आ रही है और अब जाकर NEP 2020 के तहत ठोस पहल हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ प्राइवेट स्कूल प्रकाशकों से मिलीभगत कर बच्चों पर अतिरिक्त बोझ डालते हैं, जिस पर सरकार को सख्त नजर रखनी होगी। वहीं दिल्ली पेरेंट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष वीरेंद्र सिंह का कहना है कि स्कूल बैग का बढ़ता वजन एक गंभीर समस्या बन चुका है और राज्यों के शिक्षा विभागों की जिम्मेदारी है कि वे केंद्र सरकार की नीति को सख्ती से लागू कराएं

निष्कर्ष

स्कूल बैग का भारी वजन सिर्फ असुविधा नहीं, बल्कि बच्चों के स्वास्थ्य से जुड़ा गंभीर मुद्दा है। NEP 2020 और स्कूल बैग नीति एक अच्छी शुरुआत है, लेकिन इसका सही लाभ तभी मिलेगा जब:

  • स्कूल नियमों का पालन करें

  • अभिभावक जागरूक हों

  • राज्य सरकारें सख्ती से निगरानी करें

उम्मीद है कि बैगलेस डेज और तय की गई वजन सीमा से आने वाले समय में बच्चों को स्कूल बैग के बोझ से राहत मिलेगी।

Tags: School Bag Weight Rules, | NEP 2020 School Bag Policy, | Bagless Days in Schools,
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FAQ's

The CMAT City Intimation Slip is a document released by the National Testing Agency (NTA) that tells candidates the city where their CMAT 2026 exam centre has been allotted. It helps candidates plan travel and stay before the exam day.

No. The city slip only shows the allotted exam city, whereas the CMAT admit card (released later) contains full details including the actual centre address, exam timings, reporting instructions, and entry requirements.

You can download it from the official CMAT website at cmat.nta.nic.in by logging in using your application number and date of birth (or password) once the city slip link is active.

No. Once the city is allotted and shown on the city slip, you cannot change it later. Any changes must have been done during the application or correction window before the city slip was released.

Note your allotted city and prepare travel plans if required.

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