आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 मुख्य बिंदु: भारत की अर्थव्यवस्था की मजबूती और FY27 में 6.8%-7.2% GDP वृद्धि का अनुमान

  • On: January 30, 2026
Follow Us:
आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26: भारत की GDP वृद्धि, वैश्विक चुनौतियाँ और वित्तीय सुधार

भारत सरकार ने 29 जनवरी 2026 को आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 पेश किया। यह सर्वेक्षण वित्त मंत्री द्वारा संसद में प्रस्तुत किया गया और अगले संघीय बजट 2026 की आधारशिला तैयार करता है। इसे अर्थशास्त्र विभाग के मुख्य आर्थिक सलाहकार (CEA) वी. अनंथा नागेश्वरन के नेतृत्व में तैयार किया गया।

इस बार का सर्वेक्षण वैश्विक "भूराजनीतिक उथल-पुथल" के बीच भारत की मजबूत और लचीली अर्थव्यवस्था की तस्वीर प्रस्तुत करता है। सर्वेक्षण के अनुसार, भारत अब जापान को पीछे छोड़ते हुए दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गया है, जिसकी GDP लगभग 4.18 ट्रिलियन डॉलर है।

आइए जानते हैं आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 की मुख्य बातें:

1. वैश्विक आर्थिक परिदृश्य और भारत की रणनीति

  • सर्वेक्षण में चेतावनी दी गई है कि "पुराने नियम अब काम नहीं कर रहे"।
  • वैश्विक अस्थिरता, तकनीकी बाजार के जोखिम और भूराजनीतिक प्रतिद्वंद्विता अब अस्थायी नहीं बल्कि स्थायी बन गए हैं।
  • व्यापार अब सुरक्षा पर आधारित है, केवल लागत पर नहीं, जिससे दुनिया का आर्थिक परिदृश्य अनिश्चित और खतरनाक बन गया है।
  • 2025 में भारतीय रुपया कमजोर रहा।
  • भारत को विदेशी पूंजी पर निर्भरता बनाए रखनी पड़ रही है ताकि बैलेंस ऑफ पेमेंट में स्थिरता बनी रहे।
  • राजनीति अब अर्थशास्त्र से पहले है, यानी अच्छे आर्थिक प्रदर्शन का मतलब अब वैश्विक स्थिरता नहीं है।

वित्त मंत्री का संदेश:

"भारत की आर्थिक स्थिति मजबूत है। हम सावधानीपूर्वक आगे बढ़ रहे हैं क्योंकि दुनिया अब predictable नहीं रही।"

2. भारत का GDP और आर्थिक वृद्धि

  • FY26 में GDP वृद्धि 7.4% और FY27 में अनुमानित 6.8%-7.2%।
  • वृद्धि मुख्यतः घरेलू मांग, निजी खपत और पूंजी निर्माण द्वारा संचालित।
  • सेवा क्षेत्र प्रमुख योगदानकर्ता बना हुआ है, जबकि निर्माण और कृषि क्षेत्र स्थिरता प्रदान कर रहे हैं।
  • राजकोषीय घाटा FY25 में 4.8% पर रहा और सरकार FY26 में इसे 4.4% तक लाने पर ध्यान केंद्रित कर रही है।

3. प्रमुख सेक्टर और सुधार

बिजली क्षेत्र में सुधार:

  • डिस्कॉम कंपनियों ने FY25 में ₹2,701 करोड़ का लाभ कमाया।
  • बकाया ऋण ₹1.4 लाख करोड़ से घटकर ₹4,927 करोड़ हुआ।

GST सुधार:

  • 2025 में बड़े GST सुधार ने लॉजिस्टिक लागत घटाई, जिससे महंगाई में कमी आई।

उद्योग और निर्माण:

  • निर्माण क्षेत्र में GVA वृद्धि: Q1 FY26 में 7.72%, Q2 में 9.13%।
  • उच्च तकनीक गतिविधियां अब कुल निर्माण मूल्य में 46.3% का योगदान देती हैं।
  • भारत स्टील और सीमेंट का दूसरा सबसे बड़ा निर्माता बना।

कृषि और खाद्य उत्पादन:

  • कृषि क्षेत्र में पिछले 5 वर्षों में औसत वार्षिक वृद्धि 4.4% रही।
  • FY24-25 में अन्न उत्पादन रिकॉर्ड 3,577.3 लाख मीट्रिक टन।
  • हॉर्टिकल्चर में वृद्धि, अब कृषि GVA का लगभग 33% है।

4. वित्तीय और बैंकिंग क्षेत्र

  • ग्रॉस एनपीए अनुपात (GNPA) 2.2% तक घटा, जो कई दशकों का सबसे कम स्तर है।
  • गैर-बैंकिंग वित्तीय स्रोतों से व्यापार क्षेत्र में निवेश में FY20-FY25 में 17.32% CAGR।

5. व्यापार और निर्यात

  • कुल निर्यात (माल और सेवा) FY25 में USD 825.3 बिलियन तक पहुंचा।
  • अमेरिकी टैरिफ और वैश्विक बाधाओं के बावजूद सेवा निर्यात में 6.5% वृद्धि।
  • भारत ने EU के साथ ऐतिहासिक FTA भी सफलतापूर्वक पूरा किया।

6. शहरी अवसंरचना और नीति परिवर्तन

  • मेट्रो और RRTS 24 शहरों में 1,036 किमी तक विस्तारित।
  • कचरा प्रबंधन: 98% शहरी वार्ड में द्वार-से-द्वार संग्रह।
  • PMAY-U के तहत 122.06 लाख घरों की मंजूरी।

Read Also : अमेरिका का वेनेजुएला पर हमला: वैश्विक तेल कीमतों और भारत की ऊर्जा सुरक्षा पर प्रभाव

7. स्वास्थ्य और जनसंख्या कल्याण

  • मातृ मृत्यु दर (MMR) में 86% की कमी, 1990 से।
  • पाँच वर्ष से कम उम्र की मृत्यु दर (U5MR) में 78% कमी।
  • डिजिटल हेल्थ पहल: Ayushman Bharat Digital Mission (ABDM) और e-Sanjeevani।
  • जीवनशैली और मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान, जैसे PRAGYATAH Framework और Online Gaming Act, 2025।

8. सेवाएँ और नई आर्थिक संभावनाएँ

  • सेवाएँ क्षेत्र में FY26 में 9.1% वृद्धि।
  • नई विकास संभावनाएँ:
  1. Orange Economy (Creative Industries)
  2. Ocean Commercialisation
  3. Data Centers
  4. Concert Economy (Live Events & Tourism)

9. मुद्रास्फीति और कीमत नियंत्रण

  • ग्रामीण मुद्रास्फीति शहरों से कम रही।
  • खाद्य मूल्य नियंत्रण के लिए आयात शुल्क में कमी और बफर स्टॉक का उपयोग।
  • 2025 की त्योहारों के दौरान GST दरों में सुधार से महंगाई नियंत्रण में मदद।

निष्कर्ष

आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 भारत की मजबूत, उच्च गति वाली और आत्मनिर्भर अर्थव्यवस्था की तस्वीर पेश करता है।

  • FY26 में GDP वृद्धि: 7.4%
  • FY27 का अनुमान: 6.8%-7.2%
  • वैश्विक चुनौती: भूराजनीतिक अस्थिरता
  • सुधार: वित्तीय क्षेत्र, बिजली, GST और कृषि
  • नई संभावनाएँ: सेवाएँ, डिजिटल हेल्थ और शहरी अवसंरचना

भारत की अर्थव्यवस्था वैश्विक स्तर पर तेजी से बढ़ रही है और आने वाले वर्षों में स्मार्ट निवेश और तकनीकी नवाचार इसे और ऊँचाइयों तक ले जाएंगे।

Tags: Economic Survey 2026, | India GDP, | FY27 Growth, | Indian Economy, | GST Reforms, | Agriculture Growth, | Digital Health, | Services Sector,
Share this post:

FAQ's

The CMAT City Intimation Slip is a document released by the National Testing Agency (NTA) that tells candidates the city where their CMAT 2026 exam centre has been allotted. It helps candidates plan travel and stay before the exam day.

No. The city slip only shows the allotted exam city, whereas the CMAT admit card (released later) contains full details including the actual centre address, exam timings, reporting instructions, and entry requirements.

You can download it from the official CMAT website at cmat.nta.nic.in by logging in using your application number and date of birth (or password) once the city slip link is active.

No. Once the city is allotted and shown on the city slip, you cannot change it later. Any changes must have been done during the application or correction window before the city slip was released.

Note your allotted city and prepare travel plans if required.

0 Comments

No reviews yet.

Leave A Comment

Latest Post