Sarvam AI और Bulbul V-3: भारत की डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर को वैश्विक स्तर पर नई पहचान

  • On: February 16, 2026
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Sarvam AI का Bulbul V-3 मॉडल भारतीय भाषाओं और डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए AI समाधान दर्शाता हुआ

भारत तेजी से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनने की ओर बढ़ रहा है। इसी दिशा में भारतीय स्टार्टअप Sarvam AI ने अपना उन्नत लार्ज लैंग्वेज मॉडल (LLM) Bulbul V-3 लॉन्च किया है। यह मॉडल विशेष रूप से भारतीय भाषाओं, सरकारी सेवाओं और डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर (DPI) को ध्यान में रखकर विकसित किया गया है।

Bulbul V-3 को वैश्विक AI मॉडलों जैसे Google के Gemini और OpenAI के ChatGPT के विकल्प के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि इसका फोकस भारत की भाषाई और प्रशासनिक जरूरतों पर अधिक है।


Sarvam AI क्या है?

Sarvam AI एक भारतीय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस स्टार्टअप है जो भारतीय भाषाओं और डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए फाउंडेशनल AI मॉडल विकसित कर रहा है।

प्रमुख उद्देश्य:

  • भारतीय भाषाओं के लिए मल्टीलिंगुअल AI मॉडल

  • सरकारी सेवाओं में AI का एकीकरण

  • ग्रामीण भारत के लिए वॉइस-फर्स्ट टेक्नोलॉजी

  • India Stack के अनुरूप स्केलेबल AI इंफ्रास्ट्रक्चर

Sarvam AI का मिशन भारत को विदेशी AI प्लेटफॉर्म पर निर्भरता से मुक्त कर AI Sovereignty को बढ़ावा देना है।


Bulbul V-3 क्या है?

Bulbul V-3 Sarvam AI द्वारा विकसित एक नेक्स्ट-जेनरेशन लार्ज लैंग्वेज मॉडल (LLM) है, जो विशेष रूप से भारतीय भाषाओं और प्रशासनिक संदर्भों के लिए प्रशिक्षित किया गया है।

मुख्य विशेषताएं:

  • 20+ भारतीय भाषाओं की गहरी समझ

  • कोड-स्विचिंग सपोर्ट (हिंग्लिश, टैंगलिश आदि)

  • सरकारी और नागरिक सेवाओं के लिए अनुकूल

  • कम लागत और कम बैंडविड्थ पर कार्य करने की क्षमता

  • वॉइस-आधारित इंटरफेस

यह मॉडल भारत की सामाजिक, भाषाई और प्रशासनिक विविधता को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है।


Gemini और ChatGPT से कैसे अलग है Bulbul V-3?

1. भारतीय भाषाओं पर विशेष फोकस

जहां वैश्विक मॉडल मुख्य रूप से अंग्रेजी और प्रमुख अंतरराष्ट्रीय भाषाओं पर केंद्रित हैं, वहीं Bulbul V-3 भारतीय भाषाओं और क्षेत्रीय बोलियों को प्राथमिकता देता है।

2. DPI के साथ एकीकरण

Bulbul V-3 को भारत के डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर से जोड़ने के लिए तैयार किया गया है, जैसे:

  • आधार आधारित सेवाएं

  • UPI डिजिटल भुगतान

  • सरकारी शिकायत निवारण प्रणाली

  • कृषि और स्वास्थ्य सलाह प्लेटफॉर्म

3. किफायती और सुलभ

  • कम इंटरनेट स्पीड में कार्य करने योग्य

  • स्मार्टफोन-फर्स्ट डिजाइन

  • गैर-साक्षर उपयोगकर्ताओं के लिए वॉइस सपोर्ट

4. डेटा संप्रभुता

Bulbul V-3 भारतीय डेटा लोकलाइजेशन कानूनों के अनुरूप विकसित किया गया है, जिससे डेटा देश के भीतर सुरक्षित रह सके।


भारत की डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर (DPI) को मजबूती

भारत का DPI मॉडल ओपन API आधारित है, जिससे स्टार्टअप और निजी कंपनियां सार्वजनिक डिजिटल ढांचे पर नवाचार कर सकती हैं।

Bulbul V-3 की संभावित भूमिका:

1. AI आधारित नागरिक हेल्पडेस्क

24/7 बहुभाषी सहायता, सरकारी योजनाओं की जानकारी, दस्तावेज मार्गदर्शन और शिकायत पंजीकरण।

2. स्मार्ट शिकायत प्रबंधन

AI शिकायतों को वर्गीकृत कर त्वरित समाधान सुनिश्चित कर सकता है।

3. कृषि सलाह

मौसम, मिट्टी और बाजार डेटा के आधार पर किसानों को स्थानीय भाषा में मार्गदर्शन।

4. कानूनी और स्वास्थ्य सहायता

ग्रामीण क्षेत्रों में सरल भाषा में कानूनी अधिकार और स्वास्थ्य संबंधी जानकारी उपलब्ध कराना।

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वैश्विक प्रभाव: भारत बनेगा AI गवर्नेंस लीडर?

भारत का AI-for-DPI मॉडल ग्लोबल साउथ के देशों के लिए एक उदाहरण बन सकता है।

संभावित लाभ:

  • उभरती अर्थव्यवस्थाओं के लिए सस्ता AI मॉडल

  • ओपन और स्केलेबल डिजिटल गवर्नेंस

  • भाषाई समावेशन

अफ्रीका, दक्षिण-पूर्व एशिया और लैटिन अमेरिका जैसे क्षेत्र भारत के मॉडल को अपनाकर डिजिटल समावेशन को बढ़ा सकते हैं।


चुनौतियां

Bulbul V-3 के सामने कुछ प्रमुख चुनौतियां भी हैं:

  • वैश्विक टेक कंपनियों के बड़े R&D बजट से प्रतिस्पर्धा

  • विभिन्न भाषाओं में उच्च गुणवत्ता डेटा संग्रह

  • एल्गोरिदमिक बायस से बचाव

  • बड़े स्तर पर इंफ्रास्ट्रक्चर स्केलिंग


निष्कर्ष

Sarvam AI का Bulbul V-3 केवल एक चैटबॉट नहीं, बल्कि भारत के डिजिटल भविष्य की आधारशिला बन सकता है। यह मॉडल भारतीय भाषाओं, डेटा संप्रभुता और डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर को केंद्र में रखकर विकसित किया गया है।

यदि यह मॉडल सफलतापूर्वक स्केल होता है, तो भारत न केवल अपनी 1.4 अरब आबादी को सशक्त करेगा, बल्कि वैश्विक AI परिदृश्य में भी एक नई दिशा तय करेगा।

Tags: Sarvam AI, | Bulbul V3, | Indian AI Model, | Digital Public Infrastructure India, | Multilingual AI India, | Government AI Services,
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FAQ's

The CMAT City Intimation Slip is a document released by the National Testing Agency (NTA) that tells candidates the city where their CMAT 2026 exam centre has been allotted. It helps candidates plan travel and stay before the exam day.

No. The city slip only shows the allotted exam city, whereas the CMAT admit card (released later) contains full details including the actual centre address, exam timings, reporting instructions, and entry requirements.

You can download it from the official CMAT website at cmat.nta.nic.in by logging in using your application number and date of birth (or password) once the city slip link is active.

No. Once the city is allotted and shown on the city slip, you cannot change it later. Any changes must have been done during the application or correction window before the city slip was released.

Note your allotted city and prepare travel plans if required.

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